ननकाना साहिब गुरुद्वारे पर भीड़ ने पथराव किया, सिखों को भगाने, शहर का नाम बदलने की दी धमकी


इस्लामाबाद. 


लाहौर में शुक्रवार को उग्र भीड़ ने गुरुद्वारा ननकाना साहिब को घेर कर पथराव किया। पाकिस्तान से आ रही रिपोर्ट्स के मुताबिक, कुछ सिख श्रद्धालु भीतर फंसे हुए हैं। करीब 7 बजे भीड़ ने गुरुद्वारे को घेर लिया और इसे तोड़ने की धमकी दी। भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा- पाकिस्तान स्थित ननकाना साहिब गुरुद्वारा में हुई पत्थरबाजी को लेकर हम चिंतित हैं। ननकाना साहिब जैसे पवित्र स्थान पर अल्पसंख्यक सिख समुदाय को निशाना बनाया गया, जो कि गुरु नानक देव जी की जन्मभूमि है।


गुरुद्वारा ननकाना साहिब पाकिस्तान के पंजाब प्रांत में लाहौर के करीब स्थित है। मान्यता है कि इसी स्थान पर 1469 में सिख धर्म के संस्थापक गुरुनानक देव का जन्म हुआ था। इस जगह को पहले राय भोई की तलवंडी कहा जाता था, लेकिन गुरु नानक के सम्मान में इस जगह का नाम बदल दिया गया। गुरुवार को यहां सिख श्रद्धालुओं ने गुरु गोविंद सिंह जयंती मनाई थी।


भीड़ ने गुरुद्वारे का नाम बदलने के नारे लगाए


पाक मीडिया में दिखाए जा रहे एक वीडियो में भीड़ यह कहती दिख रही है कि वह इस इलाके में गुरुद्वारा नहीं चाहती। नारे लगाए जा रहे थे कि जल्द ही इस जगह का नाम गुरुद्वारा ननकाना साहिब से बदलकर गुलमान-ए-मुस्तफा कर दिया जाएगा और यहां एक भी सिख नहीं रहेगा।


पहली बार ननकाना साहिब में रद्द हुआ भजन-कीर्तन


कट्टरपंथियों की भीड़ ने गुरुद्वारे को घेर रखा है। इस वजह से पहली बार गुरुद्वारा जन्म स्थान ननकाना साहिब में भजन-कीर्तन को रद्द करना पड़ा है। गुरु गोविंद सिंह जी के गुरुपरब के मौके पर अखंड पाठ शुरू होने वाला था। सिख समुदाय के लोग गुरुद्वारे के अंदर फंसे हुए हैं। पूरे इलाके में दहशत का माहौल है। खौफ की वजह से सिख समुदाय के कई लोग घरों में भी छिपे हुए हैं।


सिख लड़की के धर्म परिवर्तन का मामला, मुस्लिम परिवार ने भीड़ का नेतृत्व किया


रिपोर्ट्स के मुताबिक, भीड़ का नेतृत्व मोहम्मद हसन का परिवार कर रहा था। बताया जा रहा है कि हसन ने एक सिख लड़की को अगवाकर उसका धर्म परिवर्तन करवाया। यह लड़की गुरुद्वारे के पंथी की बेटी थी। धर्मपरिवर्तन के बाद हसन को अधिकारियों ने बेरहमी से पीटा। हसन के परिवार का दावा है कि लड़की ने अपनी मर्जी से कानूनी तौर पर विवाह किया। दबाव डालने के बाद भी वह दोबारा सिख धर्म अपनाना नहीं चाहती है।