टोक्यो ओलिंपिक क्वालिफायर के ट्रायल मुकाबले में मैरीकॉम ने निखत को 9-1 से हराया, ओलिंपिक क्वालिफायर्स खेलने चीन जाएंगी


बॉक्सर एमसी मैरीकॉम ने निखत जरीन को टोक्यो ओलिंपिक क्वालिफायर के लिए 51 किलोग्राम भार वर्ग में ट्रायल मुकाबले में 9-1 से हरा दिया। शनिवार को नई दिल्ली में खेले गए इस मुकाबले में मैरीकॉम शुरू से ही हावी रहीं। उन्होंने जरीन को संभलने का कोई मौका नहीं दिया। दोनों के बीच यह चौथा मुकाबला था। इससे पहले मैरीकॉम दो में जीती थीं। एक में जरीन को जीत मिली थी।


टोक्यो ओलिंपिक के लिए क्वालिफायर मुकाबले चीन के वुहान में 3 से 14 फरवरी तक खेले जाएंगे। मैरीकॉम 6 बार वर्ल्ड चैम्पियनशिप जीत चुकी हैं। उन्होंने लंदन ओलिंपिक 2012 में कांस्य पदक अपने नाम किया था। वहीं, निखत इस साल एशियन चैम्पियनशिप में कांस्य पदक जीती थीं।


निखत ने मैरीकॉम से ट्रायल का दावा ठोका था


मैरीकॉम इस साल वर्ल्ड चैम्पियनशिप में कांस्य पदक जीती थीं। उन्हें इसी के आधार पर ओलिंपिक क्वॉलिफायर्स में भेजने की बात चल रही थी। हालांकि, नियमों के मुताबिक वर्ल्ड चैम्पियनशिप में स्वर्ण या रजत पदक जीतने वाले बॉक्सर को ही ओलिंपिक क्वालिफायर में सीधे एंट्री मिलती है। अन्य सभी को ट्रायल मैच खेलना होता है। निखत ने नियमों का हवाला देकर मैरीकॉम से मुकाबले की बात कही थी।


निखत ने ट्रायल के लिए खेल मंत्री को पत्र लिखा था


निखत ने ट्रायल के लिए खेल मंत्री किरण रिजिजू को भी पत्र लिखा था। तब उन्होंने कहा था, ''मैं बचपन से ही मैरी कॉम से प्रेरित रही हूं। इस प्रेरणा के साथ न्याय करने का सबसे बेहतर तरीका यही हो सकता है कि मैं उनकी तरह एक महान मुक्केबाज बनने की कोशिश करूं। क्या मैरी कॉम खेल की इतनी बड़ी शख्सियत हैं कि उन्हें मुकाबले से दूर रखने की जरूरत है?''