जनकपुर बस सेवा बंद ,पीएम की घोषणा पर फिरा पानी


पीएम नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रॉजेक्ट को भी परिवहन निगम पूरा नहीं कर सका। जनकपुर को यूपी से जोड़ने के लिए आलमबाग से अयोध्या होते हुए जनकपुर तक शुरू की गई बस सेवा परमिट के अभाव में दो महीने से बंद है। आश्चर्य तो यह है कि सेवा बंद होने पर निगम अफसरों ने यात्रियों को उसकी जानकारी तक देने की जहमत नहीं उठाई।


पीएम नरेंद्र मोदी ने 11 मई 2018 को जनकपुर पहुंचकर वहां जानकी मंदिर में पूजा अर्चना की थी। उसी दिन हरी झंडी दिखाकर जनकपुर-अयोध्या बस सेवा की शुरुआत की थी। उन्होंने कहा था कि भारत और नेपाल दोनों ही देश रामायण सर्किट बनाने की दिशा में काम करेंगे। इसी क्रम में लखनऊ से अयोध्या होते हुए जनकपुर तक एसी बस सेवा शुरू की गई थी। इसके बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने बीते साल आलमबाग बस टर्मिनल से जनकपुर बस सेवा को हरी झंडी दिखाई थी। सस्ते किराए वाली एक जोड़ी जनरथ बस के लिए यूपी रोडवेज को नेपाल से परमिट लेना था, लेकिन अफसरों ने समय से परमिट नहीं लिया और जनकपुर बस सेवा बंद दो महीने पहले बंद कर दी गई। इससे लखनऊ से अयोध्या, गोरखपुर, पिपराकोठी, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी और भिट्टामोड़ के रास्ते जनकपुर तक जाने वाले सैकड़ों लोगों की उम्मीदों पर भी पानी फिर गया है।